27 सितंबर, 2025 को, एक प्रमुख धार्मिक नेता ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर एक गहराई से अर्थपूर्ण संदेश शेयर किया। इस संदेश में ईश्वर और सत्य के बीच गहराई से जुड़े हुए रिश्ते को बताया गया है। हिंदी और मराठी में शिव ही सत्य है (Shiv hi satya hai) लिखा गया है, जो अनुयायियों में धार्मिक विचार और चर्चा को बढ़ावा दिया। नेता की सत्य और प्रकाश के संदेश फैलाने की इच्छा अभी भी एक बड़ी जनता को प्रेरित कर रही है।